दर्रे से गुजरने वाली प्रमुख रेलवे सड़क मार्ग
थाल घाट दर्रे - मुंबई- नागपुर- कोलकाता रेल एवं सड़क मार्ग
भोरघाट दर्रे - मुंबई- पुणे - बेलगांव - चेन्नई रेल एवं सड़क मार्ग
पालघाट दर्रे - कालीकट- त्रिचूर - कोयंबटूर- इंडोर रेल सड़क मार्ग
पश्चिम घाट दर्रे (उत्तर से पश्चिम की ओर)
दर्रा ऊंचाई स्थित
थालघाट 580 मी. नासिक एवं मुंबई के बीच का संपर्क मार्ग
भोर घाट 630 मी. मुंबई एवं पुणे के बीच का संपर्क मार्ग
पालघाट 305 मी. कोयंबटूर एवं कोचीन के बीच का संपर्क मार्ग
सेनकोटा 280 मी. तिरुवंतपुरम एवं मधुरी के बीच का संपर्क मार्ग
- दक्कन का पठार महाराष्ट्र राज्य में है। यह ज्वालामुखी बेसाल्ट चट्टानों का बना है। या काली मिट्टी का क्षेत्र है। इस प्रकार के पूर्वी भाग को विदर्भ का जाता है
- धारवाड़ का पठार कर्नाटक राज्य मैं है । या परिवर्तित चट्टानों से बना है। इस प्रकार के पश्चिम भाग में बाबा बुदन की पहाड़ी तथा ब्रह्मगिरि की पहाड़ियां है।
- नीलगिरी की पहाड़ियां तमिलनाडु में है , जो एक ब्लॉक पर्वत है । या मुख्यता चारनोकाइट पठार से बनी है। इस की सबसे ऊंची चोटी डोडाबेट्टा (2,637 मीटर) हैं। जो दक्षिण भारत की दूसरी सबसे ऊंची चोटी है। उटकमंड इसी पहाड़ी पर है।
- तमिलनाडु राज्य में नीलगिरी के दक्षिण भाग में पालघाट है । पालघाट गैप पश्चिम एवं पूर्व घाट का मिलन- स्थल है । अर्थत पूर्वी घाट एवं पश्चिमी घाट के मिलन स्थल पर नीलगिरी पहाड़ी स्थित है। इस के पार फैली कार्डामम की पहाड़ियां पश्चिम घाट का विस्तार मानी जाती है।
- अन्नामलाई की पहाड़ी पर स्थित दक्षिण भारत की सबसे ऊंची चोटी अनैमुदी ऊंचाई 2,696 मीटर) है।
नोट- अनैमुदी तीन का कें पहाडियों का केन्द्र- बिंदु है। यह से तीन पहाड़ी श्रृखलाएँ तीन दिशाओं में जाती है। दक्षिण की ओर इलायची कार्डामम की पहाड़ियां उत्तर की ओर अन्नामलाई की पहाड़ियां तथा उत्तर पूर्व की ओर पालनी की पहाड़ियां हैं। प्रसिध्द पर्यटक कोडाईकनाल तमिलनाडु पालनी पहाड़ी में ही स्थित है । शिवराय पहाड़िया तमिलनाडु राज्य के सलेम में अवस्थित है
- आंध्र प्रदेश और उड़ीसा के तटीय भाग में महेंद्र गिरी की पहाड़ियां है।
- भारत के पूर्व समुद्र को निम्न भागों में बांटा गया
1. कन्याकुमारी से कृष्ण डेल्टा तक का तट कोरोमंडल तट
2. कृष्णा डेल्टा से गोदावरी डेल्टा तक का गोलकुंडा तक एवं
3. गोदावरी डेल्टा से लेकर उत्तरी तटीय भाग उत्तरी सरकार तट कहलाता है।
- भारत के पूर्वी तट पर स्थित प्रमुख बंदरगाह हैं- पारादीप उड़ीसा ,कोलकाता पश्चिम बंगाल, विशाखापट्टनम आंध्र प्रदेश, चेन्नई तूतीकोरिन एवं एन्नोर तमिल नाडु
- विशाखापट्टनम बंदरगाह डॉल्फिन नोज पहाड़ी के पीछे सुरक्षित है
- पूर्वी तट पर स्थित प्रमुख लैगून है । पुलीकट चेन्नई, चिल्का पूरी तथा कोलेरू आंध्र प्रदेश
नोट लैगून: समुद्र क्षेत्र में तटीय क्षेत्र का पानी स्थल भाग में घुस जाता है धीरे-धीरे बालू का अवरोध खड़ा कर देने पर स्थलीय क्षेत्र का भाग समुद्र से अलग हो जाता है इस जलीय आकृति को लैगून कहते हैं
- भारत के पश्चिम तट को निम्न भागों में बांटा गया है- 1. गुजरात से गोवा तक का तटीय क्षेत्र कोकण तट 2. गोवा से कर्नाटक के मंगलुरू तक का तटीय क्षेत्र केनरा तट तथा मंगलुरू से कन्याकुमारी तक का तटीय क्षेत्र मालाबार तट कहलाता है।
- भारत के पश्चिम तट पर स्थित प्रमुख बंदरगाह है- कांडला (गुजरात), मुंबई (महाराष्ट्र), मार्मागोवा (गोवा) मंगलुरू (कर्नाटक), कोच्चि (केरल), न्हावाशोवा (महाराष्ट्र)
नोटः साल्सेट द्वीप पर स्थित मुंबई भारत का सबसे बड़ा बंदरगाह नगर है
- मालाबार तट पर अनेक पश्च जल है। जिसे स्थानीय भाषा में कयाल (Kayal) कहते हैं । कयाल मछली पकड़ने और अतः स्थलीय नौकायान के लिए प्रयोग किया जाता है और पर्यटको के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र है।
नोटः केरल में हर वर्ष प्रसिद्ध नेहरू ट्रॉफी वलामकाली ( नौका दौड़ का आयोजन पुन्नामादा कायल में किया जाता है।
भारत में दो द्वीप-समूह है 1. अंडमान-निकोबार द्वीप-समूह (मरकत द्वीप) लक्ष्यद्वीप द्वीप-समूह।
- अंडमान-निकोबार द्वीप-समूह बंगाल की खाड़ी में स्थित है जो क्षेत्रफल देश के सबसे बड़ा केंद्र शासित प्रदेश हैं । इसमें करीब 247 छोटे-छोटे द्वीप है। निकोबार में 19 द्वीप है । यह द्वीप वास्तव में समुद्र में डूबे हुए पर्वत के शिखर हैं । लैंडफॉल द्वीप अंडमान-निकोबार द्वीप समूह का सबसे उत्तरी द्वीप है। कोको जलमार्ग इसे म्यांमार के कोको द्वीप से अलग करता है । जहां चीन ने निगरानी तंत्र लगाया हुआ है।
नोटः अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में मैंग्रोव, वन सदापार्णी वन एवं पर्णपाती वनों का संयोजन है
- बंगाल की खाड़ी में नदियों ने जो जलोढ़ मिट्टी के निक्षेप द्वारा कई द्वीपो का निर्माण किया है । हुगली के निकट 20 किलो लंबा सागर द्वीप है। जिसे गंगासागर के नाम से जाना जाता है।
- सुंदरबन जो गंगा डेल्टा है । में मैंग्रोव वन पाए जाते हैं।
नोटः विश्व का सबसे बड़ा ज्ञात नदी द्वीप माजुली असम में स्थित है। जिसे ब्रह्मपुत्र नदी की दोनों शाखाएँ मिलकर बनती हैं।




0 Comments